Notice: Function _load_textdomain_just_in_time was called incorrectly. Translation loading for the astra-sites domain was triggered too early. This is usually an indicator for some code in the plugin or theme running too early. Translations should be loaded at the init action or later. Please see Debugging in WordPress for more information. (This message was added in version 6.7.0.) in /home/u423053031/domains/99bihar.xyz/public_html/wp-includes/functions.php on line 6131
नितिन गडकरी ने किया ऐलान- बिहार में होंगे अमेरिका के बराबर हाईवे, चार साल में बदल जाएगी सूरत

नितिन गडकरी ने किया ऐलान- बिहार में होंगे अमेरिका के बराबर हाईवे, चार साल में बदल जाएगी सूरत

नितिन गडकरी ने ऐलान किया है कि अगले चार साल में बिहार की सूरत बदलने वाली है। राज्य में अमेरिका जैसे हाईवे बनेंगे। उन्होंने कहा कि 2029 तक बिहार का नेशनल हाईवे नेटवर्क अमेरिका के बराबर हो जाएगा। गडकरी ने गुरुवार को बोधगया नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया (NHAI) की बिहार में 3700 करोड़ रुपये की 6 सड़क परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया।

उन्होंने कहा कि इस परियोजना से झारखंड और पश्चिम बंगाल से माल परिवहन आसान होगा और बिहार में व्यापार को बढ़ावा मिलेगा। नवादा, गया और जहानाबाद के लोगों को जाम से राहत मिलेगी। पटना, नालंदा और नवादा जिलों के साथ झारखंड की कनेक्टिविटी बेहतर होगी। कृषि उपज की बड़े बाजारों तक आसान पहुंच होगी, जिससे रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे।

उन्होंने बख्तियारपुर-रजौली राष्ट्रीय राजमार्ग पर हसनपुर से बख्तियारपुर तक 4 लेन सड़क का उद्घाटन किया, जिसकी कुल लंबाई 51 किलोमीटर होगी और इसकी लागत 3,460 करोड़ रुपये होगी। साथ ही नालंदा जिले के देवीसराय और बड़ी मठ में 13 करोड़ रुपये की लागत से बने पुलिया और छोटे पुल समेत 3 अन्य स्थानों का उद्घाटन किया। गडकरी ने 257 करोड़ रुपये की लागत से रजौली से हरदिया तक 7 किलोमीटर लंबी 4 लेन सड़क, 174 करोड़ रुपये की लागत से वारिसलीगंज-नवादा रेलवे स्टेशन पर आरओबी, 163 करोड़ रुपये की लागत से चाकंद-गया-दोमुहान 4 लेन सड़क चौड़ीकरण 19 किलोमीटर और 100 करोड़ रुपये की लागत से जहानाबाद-गोल बगीचा 4 लेन सड़क चौड़ीकरण 15 किलोमीटर का शिलान्यास किया। केंद्रीय मंत्री गडकरी ने कहा कि बिहार में मकई से इथेनॉल बनाने के उद्योग की अपार संभावनाएं हैं, जिससे राज्य को आर्थिक रूप से आगे बढ़ने में मदद मिल सकती है।

बिहार और देश की सबसे बड़ी प्राथमिकता विज्ञान और तकनीक के माध्यम से गरीब से गरीब व्यक्ति के जीवन में बदलाव लाना है। रोजगार सृजन तकनीक लाकर ग्रामीण और आदिवासी क्षेत्रों में विकास की गति को बढ़ाना होगा। उन्होंने कहा कि जब गांव समृद्ध होंगे, तभी देश समृद्ध होगा। इसके लिए कृषि, बागवानी, डेयरी, मत्स्य पालन आदि का तकनीक आधारित एकीकृत विकास आवश्यक है।

WhatsApp Group Join Now
Telegram Group Join Now
Instagram Group Join Now

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Scroll to Top